संवाददाता:- अरुन वर्मा के साथ धर्मपाल सिंह

पीलीभीत: जनपद में बेमौसम आई तेज आंधी और मूसलाधार बारिश ने किसानों पर कहर बरपा दिया है कलीनगर, पूरनपुर समेत पूरे जिले में मौसम के अचानक बदले मिजाज ने खेतों में खड़ी पकी फसलों को बर्बाद कर दिया, जिससे किसानों को भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। बीती देर शाम शुरू हुई तेज आंधी के साथ बारिश ने गेहूं, और अन्य रबी फसलों को खेतों में ही गिरा दिया। कई स्थानों पर फसल पूरी तरह जमीन पर बिछ गई, जिससे कटाई के लिए तैयार फसल अब खराब होने की कगार पर पहुंच गई है। किसानों का कहना है कि इस समय फसल पूरी तरह पक चुकी थी और कटाई का काम शुरू ही होने वाला था, लेकिन मौसम की मार ने सारी मेहनत पर पानी फेर दिया।कलीनगर और पूरनपुर क्षेत्र में तेज हवाओं के साथ हुई बारिश ने सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाया है। खेतों में पानी भरने और तेज हवा के कारण गेहूं की बालियां टूटकर गिर गईं, वहीं सरसों की फसल भी बुरी तरह प्रभावित हुई है। कई किसानों ने बताया कि अगर जल्द ही मौसम साफ नहीं हुआ तो फसल सड़ने का खतरा भी बढ़ जाएगा। ग्रामीण इलाकों में बिजली व्यवस्था भी आंधी के चलते प्रभावित हुई है। कई जगह पेड़ और बिजली के खंभे गिरने की खबरें सामने आई हैं, जिससे जनजीवन भी अस्त-व्यस्त हो गया।किसानों का कहना है कि पहले ही लागत बढ़ने और उचित दाम न मिलने से वे परेशान थे, ऊपर से इस बेमौसम बारिश ने उनकी आर्थिक स्थिति को और भी कमजोर कर दिया है। किसानों ने प्रशासन से मांग की है कि फसल नुकसान का सर्वे कराकर उन्हें उचित मुआवजा दिया जाए।वहीं, प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि नुकसान का आकलन कराया जा रहा है और प्रभावित किसानों को शासन स्तर से हर संभव सहायता दिलाने का प्रयास किया जाएगा। बेमौसम बारिश और आंधी ने एक बार फिर किसानों की चिंता बढ़ा दी है, जिससे पूरे जिले में मायूसी का माहौल है।
