घरेलू विवाद के चलते रची साजिश, शव खेत में छिपाया, हत्या में प्रयुक्त रॉड बरामद
संवाददाता:- धर्मपाल सिंह, अरुन वर्मा

पीलीभीत। थाना माधोटांडा क्षेत्र में युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने विस्तृत जांच के बाद सनसनीखेज खुलासा करते हुए पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, कॉल डिटेल्स और सर्विलांस की मदद से पूरे घटनाक्रम का पर्दाफाश किया। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
थाना माधोटांडा पुलिस के अनुसार, मु0अ0सं0 121/2026 धारा 103(1)/238 बीएनएस के तहत दर्ज मामले में जसवंत सिंह (उम्र करीब 30 वर्ष) और शुभप्रीत कौर (उम्र करीब 27 वर्ष) निवासी ग्राम बसंतपुर नौनेर को चित्तरपुल से पूरनपुर जाने वाले मार्ग से गिरफ्तार किया गया। पुलिस टीम को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर यह सफलता हाथ लगी।
घटना के संबंध में बताया गया कि 22 अप्रैल 2026 को गुरजाव सिंह पुत्र प्रीतम सिंह अपने घर से पूरनपुर जाने की बात कहकर निकले थे, लेकिन देर शाम तक वापस नहीं लौटे। परिजनों द्वारा उनकी काफी तलाश की गई, रिश्तेदारी और संभावित स्थानों पर खोजबीन की गई, लेकिन कोई सुराग नहीं लगा। इसके बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
26 अप्रैल 2026 को थाना पूरनपुर क्षेत्र के तकिया दीनारपुर मंदिर के पास खेत में बने खंडहर में एक शव मिलने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। शव की पहचान गुरजाव सिंह के रूप में हुई। घटनास्थल के पास मृतक की मोटरसाइकिल भी पड़ी मिली। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचायतनामा की कार्यवाही पूरी कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और मामले की गहन जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों के साथ-साथ कॉल डिटेल्स और सर्विलांस का सहारा लिया, जिससे संदेह के आधार पर मृतक के करीबी लोगों से पूछताछ की गई। पूछताछ में जसवंत सिंह और शुभप्रीत कौर के बयान संदिग्ध पाए गए, जिसके बाद सख्ती से पूछताछ करने पर दोनों ने हत्या की बात स्वीकार कर ली।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मृतक और उसकी पत्नी के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते दोनों ने मिलकर योजना बनाई और 22 अप्रैल को गुरजाव सिंह की हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को छिपाने के उद्देश्य से खेत में बने खंडहर में डाल दिया गया, ताकि किसी को शक न हो।
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त लोहे की रॉड तथा मृतक की चेन मय लॉकेट बरामद की है। पुलिस का कहना है कि मामले में सभी साक्ष्य संकलित कर लिए गए हैं और आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।
इस पूरी कार्रवाई में थाना माधोटांडा पुलिस टीम की अहम भूमिका रही, जिसने सूझबूझ और तत्परता से इस हत्या का खुलासा कर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया।
यह घटना रिश्तों में बढ़ते अविश्वास और अवैध संबंधों के खतरनाक अंजाम को उजागर करता है, जहां एक विवाद ने हत्या जैसी गंभीर वारदात का रूप ले
